कन्नड़ अभिनेता दर्शन थूगुदीपा एक बार फिर रेणुका स्वामी हत्याकांड को लेकर सुर्खियों में हैं। साल 2024 में हुए इस चर्चित मामले में अब एक आरोपी ने अदालत के सामने घटना से जुड़े कई गंभीर दावे किए हैं। आरोपी ने कथित तौर पर सरकारी गवाह बनने की इच्छा जताते हुए हत्या से पहले रेणुका स्वामी के साथ हुई मारपीट और प्रताड़ना के बारे में जानकारी दी है।
आरोपी ने अदालत से मांगी माफी
एनडीटीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, दर्शन के करीबी बताए जा रहे प्रदूष एस. राव ने बेंगलुरु की अदालत में याचिका दायर कर माफी की मांग की है। राव का कहना है कि वह मामले में अभिनेता की कथित भूमिका और अपराध से जुड़ी पूरी जानकारी अदालत के सामने रखने के लिए तैयार हैं।
अपनी याचिका में राव ने दावा किया कि घटना के दौरान दर्शन ने रेणुका स्वामी के साथ बेरहमी से मारपीट की। उन्होंने कथित तौर पर बताया कि अभिनेता पीड़ित की छाती पर खड़े हुए थे और उसे लगातार पीट रहे थे।

शेड में मिला था रेणुका स्वामी
मामले के मुताबिक, 8 जून 2024 को रेणुका स्वामी को बेंगलुरु के कामाक्षीपाल्या इलाके में स्थित एक शेड में ले जाया गया था। आरोप है कि उन्हें दर्शन और उनके साथियों ने प्रताड़ित किया। यह विवाद कथित तौर पर दर्शन की करीबी पवित्रा गौड़ा की सोशल मीडिया पोस्ट पर रेणुका स्वामी की आपत्तिजनक टिप्पणी से जुड़ा था।
राव ने अदालत में दावा किया कि जब वह शेड में पहुंचे तो रेणुका स्वामी जमीन पर बैठे हुए थे और आसपास कई लोग मौजूद थे। उनके अनुसार, दर्शन कथित तौर पर रेणुका के संदेश को लेकर नाराज थे। राव ने यह भी दावा किया कि पवित्रा गौड़ा से पीड़ित को चप्पल से मारने के लिए कहा गया था। इसके बाद वहां मौजूद अन्य लोगों ने भी कथित तौर पर रेणुका के साथ मारपीट की।

यह भी पढ़ें- राजामौली ने Varanasi की कहानी से उठाया पर्दा, रोम तक सफर
रस्सी से हमला करने का भी दावा
राव के कथित बयान के अनुसार, रेणुका स्वामी को रस्सी से भी पीटा गया और उनके शरीर पर लात मारी गई। उन्होंने दावा किया कि दर्शन ने पीड़ित के दोनों पैरों पर खड़े होकर उसे दबाया। इसके अलावा, कथित तौर पर रेणुका का फोन राव को देकर यह देखने के लिए कहा गया कि उसने दूसरी महिलाओं को कोई संदेश भेजा था या नहीं।
राव ने यह भी दावा किया कि उन्होंने दर्शन को चेतावनी दी थी कि इतनी बुरी तरह मारपीट करने से रेणुका की जान जा सकती है। हालांकि, उनके मुताबिक, प्रताड़ना नहीं रुकी।
मौत के बाद शुरू हुई मामले को दबाने की कोशिश?
राव के अनुसार, बाद में दर्शन के ड्राइवर ने उन्हें बताया कि रेणुका स्वामी की मौत हो चुकी है। इसके बाद वह कथित तौर पर दर्शन के घर पहुंचे और उन्हें घटना की जानकारी दी। राव ने दावा किया कि इसके बाद मामले को छिपाने की कोशिश शुरू हुई।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि दर्शन ने उन्हें मामले में साथ देने के लिए दबाव बनाया और कथित तौर पर धमकी दी कि अगर उन्होंने सहयोग नहीं किया तो वह खुद को नुकसान पहुंचा लेंगे।

पैसों के विवाद की कहानी बनाने का आरोप
राव ने अदालत में दावा किया कि हत्या को अलग रूप देने के लिए पैसों के विवाद की कथित कहानी तैयार की गई। उनके मुताबिक, दो लोगों को इस मामले की जिम्मेदारी लेने के लिए तैयार किया गया और उन्हें कथित तौर पर 15 लाख रुपये दिए गए।
राव ने यह भी दावा किया कि रेणुका स्वामी के शव को सफेद रंग की स्कॉर्पियो में रखा गया। इसके बाद शव को ठिकाने लगाने के लिए जगह तलाशने की कोशिश की गई और कथित तौर पर बाद में उसे नाले के पास फेंक दिया गया।
रेणुका स्वामी हत्याकांड में दर्शन और पवित्रा गौड़ा समेत कई लोगों को गिरफ्तार किया गया था। अब राव के कथित बयान और सरकारी गवाह बनने की उनकी कोशिश से इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई महत्वपूर्ण हो सकती है। हालांकि, अदालत में लगाए गए ये आरोप अभी न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा हैं और अंतिम निष्कर्ष अदालत के फैसले के बाद ही सामने आएगा।
यह भी पढ़ें- Allu Arjun ने Vizag में AAA Cinemas की शुरुआत की

