टीवी और बॉलीवुड इंडस्ट्री में जहां अक्सर अभिनेत्रियों के बीच प्रतिस्पर्धा और कथित ‘कैट फाइट’ की बातें सामने आती रहती हैं, वहीं हाल ही में एक अलग ही तस्वीर देखने को मिली। एक्ट्रेस Pavitra Punia ने खुलकर Mouni Roy का समर्थन किया और उन्हें ट्रोल करने वालों को सख्त जवाब दिया।
ट्रोलिंग पर भड़कीं पवित्रा पुनिया
मौनी रॉय को लंबे समय से उनके लुक्स और कथित प्लास्टिक सर्जरी को लेकर सोशल मीडिया पर आलोचना का सामना करना पड़ता रहा है। इस बार पवित्रा पुनिया ने इस मुद्दे पर चुप्पी तोड़ते हुए ट्रोलर्स को खरी-खोटी सुनाई।
उन्होंने एक वीडियो के जरिए कहा कि लोगों को दूसरों पर उंगली उठाने से पहले खुद पर ध्यान देना चाहिए। पवित्रा ने तीखे अंदाज में सवाल उठाया कि क्या ट्रोलिंग करना ही कुछ लोगों का पेशा बन गया है।
इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए दिया संदेश
पवित्रा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक वीडियो और पोस्ट साझा करते हुए ट्रोलर्स को सीधे तौर पर निशाने पर लिया। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि कलाकारों को परेशान करना बंद किया जाना चाहिए।
उन्होंने मौनी रॉय की एक तस्वीर भी शेयर की, जिसमें वह एक इंटरनेशनल स्क्रीनिंग इवेंट में नजर आ रही थीं। पवित्रा ने अपने कैप्शन में लिखा कि किसी की निजी जिंदगी या लुक्स पर टिप्पणी करना न तो जरूरी है और न ही सही।

मीडिया पर भी उठाए सवाल
सिर्फ ट्रोलर्स ही नहीं, पवित्रा ने मीडिया के रवैये पर भी सवाल खड़े किए। उनका मानना है कि कई बार तस्वीरों के साथ भ्रामक या डबल मीनिंग कैप्शन लिखे जाते हैं, जिससे दर्शकों को गॉसिप और ट्रोलिंग के लिए उकसाया जाता है।
उन्होंने कहा कि इस तरह की प्रस्तुति से नकारात्मकता को बढ़ावा मिलता है और कलाकारों को अनावश्यक आलोचना का सामना करना पड़ता है।
टीवी से बॉलीवुड तक मौनी का सफर
Mouni Roy ने अपने करियर की शुरुआत टेलीविजन से की थी और जल्द ही वह घर-घर में पहचानी जाने लगीं। उन्हें Kyunki Saas Bhi Kabhi Bahu Thi में निभाए गए किरदार से पहचान मिली, जबकि Devon Ke Dev...Mahadev में सती के रोल ने उन्हें और भी लोकप्रिय बना दिया।
बाद में उन्होंने फिल्मों का रुख किया और Gold जैसी फिल्मों में नजर आईं, जहां उन्होंने Akshay Kumar के साथ काम किया।
बदलती इंडस्ट्री की सोच
पवित्रा पुनिया का यह कदम इंडस्ट्री में बदलती सोच को भी दर्शाता है, जहां कलाकार एक-दूसरे के समर्थन में सामने आ रहे हैं। यह संदेश साफ है कि सोशल मीडिया पर फैल रही नकारात्मकता के खिलाफ आवाज उठाना जरूरी है।
इस पूरे मामले ने एक बार फिर यह बहस छेड़ दी है कि क्या किसी के लुक्स या निजी फैसलों पर सार्वजनिक टिप्पणी करना सही है, या फिर अब समय आ गया है कि इस ट्रेंड को रोका जाए।

